Income Tax: इनकम टैक्स का पैसा बचना हैं तो अपनांए ये टिप्स, होगा लाखों का मुनाफा
TOP HARYANA: टैक्स विशेषज्ञो का यह मानना हैं कि टैक्स का वजन कम करने के लिए लोगों को धारा 80सी के तहत 1.5 लाख रुपये बचाने के अलावा धारा 80डी (स्वास्थ्य बीमा) और धारा 80सीसीडी के तहत NPS का भी फायदा उठाना चाहिए।
क्या हो सकते है बेहतर विकल्प
नेशनल पेंशन सिस्टम में 50 हजार रुपये के सहायता के अलावा टैक्स छूट का दावा किया जा सकता है। नेशनल पेंशन सिस्टम, ELSS, राष्ट्रीय बचत प्रमाणपत्र और जीवन बीमा पॉलिसी जैसी विभिन्न कर बचत योजनाओं में से शानदार विकल्प के ऊपर पूछे जाने पर आनंद राठी वेल्थ लिमिटेड के उपाध्यक्ष चिंतक शाह ने बताया, ‘‘अगर आयकर अधिनियम की धारा 80सी के तहत टैक्स मे फायदा लेने की बात होती हैं तो मेरा सुझाव लिंक्ड सेविंग्स योजना है।’’
शाह ने PTI-भाषा से कहा, ‘‘इसके दो प्रमुख कारण हैं- पहला, ELSS निवेश सीधे शेयर बाजार के साथ जुड़ा हुआ है और ऐतिहासिक रूप से हर साल तकरीबन11 से 12 प्रतिशत का दीर्घकालिक मुनाफा दिया है। दूसरा, ELSS के तहत ‘लॉक इन पीरियड’ सिर्फ तीन वर्ष का है। हालांकि आप तीन वर्ष के पश्चात अपने रुपये निकाल सकते हैं।’’ ELSS एक रोचक विकल्प क्यों है
NSC, PPF जैसे उत्पादों पर ब्याज पहले से ही तय है और सरकार हर तीन माह में इसकी ऐलान करती है, जबकि ELSS जैसे उत्पादों पर लाभ तय नहीं है और उनका प्रदर्शन बाजार की अवस्था पर निर्भर करता है।
किस स्कीम में कितना मुनाफा
PPF का लॉक-इन पीरियड पंद्रह वर्ष का है, जबकि NSC का लॉक-इन पीरियड 5 वर्ष का है। इस के अलावा सुकन्या समृद्धि योजना में लॉक-इन पीरियड लड़की के 18 वर्ष की आयु पूरी होने तक है और एलआईसी में लॉक-इन पीरियड मैच्योरिटी पीरियड तक है। यदि ब्याज और रिटर्न की बात करें तो PPF पर यह अभी 7.1% और NSC पर 7.70% है। सुकन्या समृद्धि योजना के लिए यह 8.2% है और एलआईसी के मामले में यह लगभग पांच से छह% है। इन NPS से पा सकते हैं अतिरिक्त टैक्स छूट
धारा 80C के अतिरिक्त भिन्न टैक्स बचत उपायों के बारे में पूछे जाने पर शाह ने कहा, "करदाता धारा 80CCD (1B) के तहत NPS में 50 हजार रुपये का योगदान करके अतिरिक्त टैक्स छूट का दावा कर सकते हैं। इससे उनकी कर योग्य आय और कम हो जाएगी।
उन्होंने यह भी कहा कि हालांकि NPS में निवेश ज्यादा समय के लिए है, लेकिन इसमें पूरी तरह से लिक्विडिटी का अभाव है। इसलिए, लोगों को इसे अपनाने से पहले इस विकल्प का ध्यानपूर्वक मूल्यांकन करना चाहिए।
